Wednesday, January 4, 2017

ट से टर्र टर्र

'ट' से टर्र टर्र
---------

रात दिन टर्र टर्र
टर्र टर्र करने में
न दिल न दिमाग लगता है  
ईरान हो या क़तर
केदारनाथ हो या रायपुर
बस टर्र टर्र
ए नटी तू पलट 
तेरा ध्यान है किधर
पढ़ अखबार 
टीवी ऑन कर 
देख क्या चल रहा है
मन की बात 
मैं मैं...टर्र टर्र 

🐸 जसबीर चावला

No comments:

Post a Comment