बुधिया क्या सोचता है
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दस बरस का हुआ बुधिया
मन में क्या सोचता बुधिया
जूठे कप धो रहा बुधिया
सिर पर इँटे ढो रहा बुधिया
झाड़ू देता गाली खाता
ट्रेनों में जूते चमकाता
पानी की बोतल बीनता
पलास्टिक की पन्नी चुनता
अधनंगे बदन की फुँसियां खुजलाता
बुधिया क्या सोचता है
'व्हाइटनर' का नशा करता बुधिया
मालिक की जाँघों में भिंचा बुधिया
सोलह के पहले ही बुधिया
अंतिम साँसे लेता बुधिया
छोटू रामू गंगू मंगू
कितने नाम धरे है बुधिया
बुधिया कुछ नहीं सोचता है
गाँव खबर कर दो हरिया को
जल्दी भेजे दूसरे बुधिया को
(World Day Against Child Labour 12 June)
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